( ब्यूरो ,न्यूज़ 1 हिन्दुस्तान )
हरिद्वार। राज्यपाल ने उपस्थित जनसमुदाय को लोहड़ी की शुभकामनाएं देते हुए देश- प्रदेश के खुशहाली की कामना की।

उन्होंने अपने संबोधन में कहा कि लोहड़ी पर्व सांस्कृतिक चेतना, मांगलिक आशीर्वाद और जन सरोकारों से जुड़ा हुआ पर्व है। फसल के उत्पादन से जुड़ा हुआ यह त्यौहार नए वर्ष की खुशियों के आगमन और मानवता में ऊर्जा का संचार करने वाला उत्सव है।
राज्यपाल ने कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी भारत की सांस्कृतिक विविधता को अनेकता में एकता के रूप में परिभाषित करते हैं, इसमें लोहड़ी पर्व भी शामिल है। लोहड़ी पर्व देश-विदेश तक मानवता, भाईचारे, समरसता और बंधुत्व की भावना का संदेश देता है। यह सांस्कृतिक पर्व लोगों को आपस में जोड़ता है तथा राष्ट्र प्रथम के बोध को भी उजागर करने में सहायक है। उन्होंने कहा कि पंजाबी समाज की लोक कला का दुनिया में कोई सानी नहीं। इसमें इतनी ऊर्जा और मधुरता है कि इसके संगीत पर कोई भी अपने आपको थिरकने से नहीं रोक पाता। उन्होंने कोविड- 19 महामारी के समय पंजाबी समाज द्वारा मानव सेवा के किए गए अथक प्रयासों की सराहना करते हुए कहा कि गुरु परंपरा के विचारों के अनुरूप यह समाज हमेशा दूसरों के दुख में सहभागी की भूमिका में रहता है। कहा कि आज की अस्थिर दुनिया में गुरु के संदेश का बड़ा महत्व है। उन्होंने कहा कि गुरु ने सभी मनुष्य की उत्पत्ति एक ही पुंज से बताई है। इसलिए सभी मनुष्यों को आपस में सहिष्णुता, प्रेमपूर्वक और सद्भभावना से रहना चाहिए।




राज्यपाल ने लोहड़ी पर्व में उपस्थित सभी लोगों से राष्ट्र प्रथम की भावना से काम करते हुए देश और समाज के कल्याण के लिए समर्पित होकर कार्य करने का आग्रह किया तथा प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के 2047 के विकसित भारत विजन को साकार करने के लिए तन- मन से कार्य करने की प्रेरणा दी।




इस अवसर पर सांसद संसदीय लोकसभा क्षेत्र हरिद्वार त्रिवेंद्र सिंह रावत, विधायक मदन कौशिक, प्रदीप बत्रा व आदेश चौहान, मेयर हरिद्वार किरण जैसल व रुड़की अनीता अग्रवाल, सुनील सैनी, विश्वास डाबर, पंजाबी महासभा के अध्यक्ष प्रवीन कुमार, जिलाधिकारी मयूर दीक्षित, वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक प्रमेंद्र सिंह डोभाल सहित बड़ी संख्या में जनमानस उपस्थित था।





